सांच को आंच नहीं | कहवातो की कहनिया | Proverb stories |

सांच को आंच नहीं | कहवातो की कहनिया | Proverb stories |     Proverb stories:- किसी नगर में एक जुलाहा रहता था। वह बहुत बढ़िया कम्बल तैयार करता था। कत्तिनों से अच्छी ऊन खरीदता और भक्ति के गीत गाते हुए आनंद से कम्बल बुनता। वह सच्चा था, इसलिए उसका धंधा भी सच्चा था, रत्तीभर …

सांच को आंच नहीं | कहवातो की कहनिया | Proverb stories | Read More »